रोहिणी घावरी का दावा: कल उजागर करूंगी चंद्रशेखर आजाद की “सच्चाई”

- सोनाली सिंह
नई दिल्ली/नगीना। उत्तर प्रदेश के सांसद चंद्रशेखर आजाद और पीएचडी स्कॉलर डॉ. रोहिणी घावरी का विवाद फिर सुर्खियों में है। रोहिणी ने सोशल मीडिया पर दो धमाकेदार पोस्ट शेयर करते हुए दावा किया कि अब वह चंद्रशेखर का सच देश के सामने लाने वाली हैं। उनके इस एलान के बाद राजनीतिक और सोशल मीडिया जगत में चर्चा तेज हो गई है। रोहिणी ने खुद को इस मामले में पीड़ित बताते हुए लिखा कि अब वह पूरी सच्चाई उजागर करेंगी और कोई भी इसे दबा नहीं सकता। उनका यह कदम पहले किए गए आरोपों और विवादों का विस्तार प्रतीत होता है, जिससे माहौल अचानक गर्म हो गया है।
रोहिणी ने अपने पहले पोस्ट में लिखा, “कल जो सच्चाई मैं समाज को दिखाऊंगी, उसे AI या फेक साबित करने वाले को 1 करोड़ का इनाम। पूरी कोशिश कर लेना, लेकिन सच छुपा नहीं पाओगे। कल से उलटी गिनती शुरू फर्जी नेता की।” इस पोस्ट के साथ उन्होंने हैशटैग #ExposeChandrashekhar भी जोड़ा, जो कुछ ही घंटों में सोशल मीडिया पर तेजी से ट्रेंड करने लगा। उनके इस बयान ने लोगों का ध्यान तुरंत खींच लिया क्योंकि इससे पहले भी उन्होंने चंद्रशेखर पर गंभीर आरोप लगाए थे। उनके दूसरे पोस्ट में इशारों-इशारों में पुराने विवादों का जिक्र किया गया और चंद्रशेखर को सीधे तौर पर निशाना बनाया गया। विशेषज्ञों का कहना है कि यह रणनीति पूर्व में किए गए दावों और भविष्य में पेश किए जाने वाले सबूतों को लेकर की गई है।
रोहिणी और चंद्रशेखर का विवाद नया नहीं है। कुछ महीने पहले रोहिणी ने सोशल मीडिया पर सुसाइड की धमकी भी दी थी। उस समय उन्होंने तीन पोस्ट किए थे, जिनमें उन्होंने चंद्रशेखर और उनके परिवार की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा था कि उनका जीवन बर्बाद कर दिया गया है और उन्होंने चेतावनी दी थी कि “मेरी लाश भी भारत वापस मत लाना। किसी ने मेरी नहीं सुनी, सब अपराधी का साथ देते रहे।” इस दौरान उनके पोस्ट ने सोशल मीडिया पर सनसनी फैला दी थी और राजनीतिक हलकों में भी चर्चा शुरू हो गई थी।
तीन महीने पहले रोहिणी ने चंद्रशेखर पर यौन उत्पीड़न और मानसिक शोषण के आरोप लगाए थे और इसके खिलाफ उन्होंने राष्ट्रीय महिला आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी। रोहिणी का कहना था कि कानूनी लड़ाई शुरू हो चुकी है और सच दुनिया के सामने लाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई उनके स्वाभिमान और सम्मान की है और वह पीछे नहीं हटेंगी। उनके इस कदम ने विवाद को और अधिक गंभीर बना दिया।
इंदौर के एक साधारण परिवार से आने वाली डॉ. रोहिणी सफाईकर्मी की बेटी हैं। 2019 में उन्होंने उच्च शिक्षा के लिए स्विट्जरलैंड का रुख किया, जहां उनकी मुलाकात चंद्रशेखर आजाद से हुई। दोनों का रिश्ता लगभग तीन साल तक चला, लेकिन बाद में यह रिश्ता टूट गया और मामला आरोपों और विवादों में बदल गया। वर्तमान में रोहिणी स्विट्जरलैंड में एक जॉब कर रही हैं और साथ ही एक एनजीओ चला रही हैं। उनका जीवन और करियर अब भी समाज में सक्रिय रूप से जुड़ा हुआ है।
रोहिणी के इस धमाकेदार एलान के बाद अब सबकी निगाहें उस “सच्चाई” पर टिकी हैं जिसे वह उजागर करने का दावा कर रही हैं। सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में सवाल उठ रहे हैं कि क्या सच में कोई बड़ा खुलासा होने वाला है या यह सिर्फ एक और विवाद का दौर है। विशेषज्ञ मानते हैं कि आने वाला दिन राजनीतिक और सोशल मीडिया दोनों स्तरों पर हलचल मचा सकता है और राजनीतिक जगत में इसका असर महसूस किया जाएगा।



