जिला निर्वाचन अधिकारी महेंद्र सिंह तंवर की अध्यक्षता में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित, युवाओं और पात्र नागरिकों के नाम जोड़ने के लिए विशेष अभियान पर चर्चा।
- हरिओम गुप्ता
कानपुर नगर। जिला निर्वाचन अधिकारी महेंद्र सिंह तंवर की अध्यक्षता में सोमवार को मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय एवं राज्यीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण-2026 के बाद मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने से छूटे पात्र नागरिकों, पहली बार मतदान करने वाले युवाओं और अन्य नए मतदाताओं के पंजीकरण के लिए विशेष अभियान चलाने पर विस्तार से चर्चा हुई। जिला निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों से अभियान में सक्रिय सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग का उद्देश्य मतदाता सूची को निर्विवाद, त्रुटिरहित और शुद्ध बनाना है, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदान के अधिकार से वंचित न रहे।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि 10 अप्रैल 2026 को प्रकाशित अंतिम निर्वाचक नामावली जनपद की एनआईसी वेबसाइट पर उपलब्ध है। राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बूथवार आंकड़े भी साझा किए जा चुके हैं। उन्होंने प्रतिनिधियों से मतदाता सूची का अवलोकन करने और किसी भी प्रकार की त्रुटि या विसंगति सामने आने पर संबंधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) से संपर्क कर नियमानुसार सुधार कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को शुद्ध और अद्यतन बनाए रखना एक सतत प्रक्रिया है।
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार, बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) द्वारा 10 अप्रैल 2026 को प्रकाशित अंतिम मतदाता सूची का मिलान 7 जनवरी 2025 को प्रकाशित पूर्ववर्ती अंतिम मतदाता सूची और उसकी पूरक सूचियों से किया जाएगा। इस प्रक्रिया के दौरान ऐसे मतदाताओं को चिह्नित किया जाएगा, जिनके नाम पहले की सूची में दर्ज थे, लेकिन वर्तमान सूची में शामिल नहीं हैं। इन मतदाताओं की मौजूदा स्थिति का सत्यापन बीएलओ घर-घर जाकर करेंगे।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों से अपने बूथ लेवल एजेंटों (बीएलए) को सक्रिय करने और बीएलओ के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने की अपील की। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान मतदाता सूची से छूटे पात्र नागरिकों, 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवाओं, दिव्यांगजनों, बेघर नागरिकों, बुजुर्गों और महिला मतदाताओं के पंजीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाए। बीएलओ द्वारा पात्र नागरिकों के फॉर्म-6 भरवाए जाएंगे और चिह्नित मतदाताओं की सूची बीएलए के साथ भी साझा की जाएगी।
बैठक में बताया गया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशों के तहत बूथ स्तर पर विशेष कैंप आयोजित किए जाएंगे। रात्रि आश्रयों, श्रमिक बस्तियों तथा आश्रयहीन और वंचित वर्गों के पात्र नागरिकों का पंजीकरण सुनिश्चित करने के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। इसके अलावा शिक्षण संस्थानों और स्वीप गतिविधियों के माध्यम से मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक पात्र नागरिक मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज करा सकें।
मतदाता सूची में नया नाम शामिल कराने के लिए फॉर्म-6 और नाम हटाने के लिए फॉर्म-7 का प्रावधान है। नागरिक संबंधित बूथ लेवल अधिकारी, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के कार्यालय या निर्वाचन आयोग की वेबसाइट और ECINET ऐप के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। प्रशासन का उद्देश्य पात्र नागरिकों के पंजीकरण की प्रक्रिया को सुगम बनाना और मतदाता सूची को अधिक सटीक बनाना है।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण के गणना चरण में अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत और डुप्लीकेट मतदाताओं की सूचियां तैयार कर राजनीतिक दलों के साथ साझा की गई थीं। इसके बाद 6 जनवरी 2026 को आलेख्य निर्वाचक नामावली प्रकाशित की गई। दावों और आपत्तियों के निस्तारण के बाद 10 अप्रैल 2026 को अंतिम निर्वाचक नामावली प्रकाशित की गई।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. विवेक चतुर्वेदी, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी अजय श्रीवास्तव सहित भाजपा, कांग्रेस, बसपा, सपा, अपना दल और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।


