
मलिहाबाद के पूर्व सपा प्रत्याशी सोनू कनौजिया के पिता की तेरहवीं में पहुंचे सपा प्रमुख, शिक्षक-स्नातक चुनाव, महंगाई, बेरोजगारी और आरक्षण के मुद्दों पर भी रखी बात
- अखिलेश कुमार अग्रहरि
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव बुधवार को लखनऊ के मोहान रोड स्थित अभिनंदन रिसॉर्ट पहुंचे। यहां उन्होंने मलिहाबाद विधानसभा क्षेत्र के पूर्व सपा प्रत्याशी सोनू कनौजिया के पिता स्वर्गीय राम गोपाल कनौजिया के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोक संतप्त परिवार को सांत्वना दी। इस दौरान उन्होंने परिवार के सदस्यों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
अखिलेश यादव ने कहा कि वह सोनू कनौजिया के पिता की तेरहवीं में शामिल होने आए हैं। उन्होंने कहा कि सोनू-मोनू और उनके पिता ने समाज को जोड़ने तथा सभी को साथ लेकर चलने के प्रयासों से अपनी प्रतिष्ठा बनाई। उनके निधन से सभी लोग दुखी हैं और इस कठिन समय में परिवार एवं परिचितों के दुख में शामिल होने के लिए एकत्र हुए हैं।
शिक्षक-स्नातक चुनाव को लेकर भाजपा पर लगाए आरोप
कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में अखिलेश यादव ने भाजपा पर चुनावों में अनियमितताओं के आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव में शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर दबाव बनाया जा रहा है। उनके आरोप के अनुसार, जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) और बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) शिक्षकों को फोन कर धमका रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि आरोपों के पर्याप्त प्रमाण मिलते हैं, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।
सपा प्रमुख ने निर्वाचन आयोग से चुनाव प्रक्रिया पर निगरानी रखने और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित कराने की अपील की। उन्होंने अधिकारियों को राजनीतिक गतिविधियों से दूर रहकर निष्पक्षता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने की बात कही।
वोटर लिस्ट और वॉयस कॉलिंग पर जताई चिंता
अखिलेश यादव ने मतदाता सूची और वॉयस कॉलिंग को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि मतदाता सूची आम कार्यकर्ताओं के पास उपलब्ध नहीं है, जबकि भाजपा के मंत्रियों और नेताओं के पास इसकी जानकारी है। उन्होंने सवाल किया कि यह डेटा उन्हें कैसे मिला और वॉयस कॉलिंग के लिए इसका इस्तेमाल किस प्रकार किया जा रहा है।
उन्होंने सपा कार्यकर्ताओं से सतर्क रहने और संदिग्ध वॉयस कॉल की रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखने की अपील की। अखिलेश यादव ने अयोध्या और फैजाबाद के चुनावों से संबंधित रिकॉर्डिंग होने की बात भी कही। ये सभी आरोप उन्होंने पत्रकारों से बातचीत के दौरान लगाए।
शिक्षक और स्नातक प्रत्याशियों के समर्थन की अपील
अखिलेश यादव ने विभिन्न शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों से समाजवादी पार्टी के उम्मीदवारों के नाम भी गिनाए। स्नातक क्षेत्र में आगरा-अलीगढ़ से शशांक यादव, लखनऊ से कांति सिंह, इलाहाबाद-झांसी से डॉ. मान सिंह, वाराणसी-मिर्जापुर से आशुतोष सिन्हा और मेरठ-सहारनपुर से प्रमेन्द्र सिंह को पार्टी का प्रत्याशी बताया।
वहीं, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में आगरा-अलीगढ़ से डॉ. आकाश अग्रवाल, लखनऊ से सुशील पटेल, गोरखपुर-फैजाबाद से डॉ. संजय त्रिपाठी, बरेली-मुरादाबाद से हाजी मोहम्मद दानिश अख्तर, वाराणसी-मिर्जापुर से लाल बिहारी यादव और मेरठ-गाजियाबाद से नितिन तोमर के समर्थन में अपील की। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से इन प्रत्याशियों की मदद करने का आग्रह किया।
महंगाई, बेरोजगारी और एलडीए में भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया
अखिलेश यादव ने महंगाई और बेरोजगारी को लेकर भी भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि महंगाई और बेरोजगारी बढ़ने से आम लोगों की परेशानियां बढ़ी हैं तथा किसानों की आय दोगुनी करने का वादा पूरा नहीं हुआ है। उन्होंने लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) में भ्रष्टाचार होने का आरोप लगाते हुए विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
उन्होंने विकास दुबे प्रकरण का उल्लेख करते हुए भी सरकार पर टिप्पणी की। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार विकास कार्यों के बजाय अपनी सत्ता बचाने पर ध्यान दे रही है। उन्होंने कहा कि संबंधित मामलों की जांच में कई अधिकारियों और अन्य लोगों के नाम सामने आ सकते हैं।
सनातन, सामाजिक सम्मान और आजम खान का भी किया जिक्र
अखिलेश यादव ने सनातन धर्म को लेकर कहा कि भेदभाव करने और दूसरों के प्रति प्रेम न रखने वाले व्यक्ति के आचरण पर सवाल उठते हैं। उन्होंने भाजपा पर धार्मिक आस्था और श्रद्धा के साथ खिलवाड़ करने का आरोप भी लगाया।
सपा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री की कुर्सी को लेकर भी राजनीतिक टिप्पणी की और दावा किया कि जनता आगामी चुनाव में सरकार को बदल सकती है। उन्होंने आजम खान के मामले का जिक्र करते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी उन्हें न्याय दिलाने के लिए प्रयास जारी रखेगी।
अखिलेश यादव ने शिक्षामित्रों के मुद्दे पर कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर शिक्षामित्रों को पूर्ण शिक्षक बनाने और सरकारी नौकरी देने की दिशा में काम किया जाएगा। उन्होंने आरक्षण, अधिकार और सम्मान के मुद्दों को भी उठाया।
एसआईआर और मतदाता सूची में गड़बड़ियों का आरोप
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का उल्लेख करते हुए अखिलेश यादव ने दावा किया कि एक ही व्यक्ति के नाम पर कई वोट दर्ज होने जैसी गड़बड़ियां सामने आई हैं। उन्होंने निर्वाचन आयोग की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि मतदाता सूची में त्रुटियों को सामान्य गलती मानकर नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की जांच और सुधार की प्रक्रिया में पारदर्शिता आवश्यक है। अखिलेश यादव ने भाजपा और निर्वाचन आयोग के बीच मिलीभगत का आरोप भी लगाया। हालांकि, इन आरोपों के संबंध में निर्वाचन आयोग या भाजपा का पक्ष इस उपलब्ध विवरण में शामिल नहीं है।


