इंसानियत और दुनिया को बेहतर बनाए वही सच्ची क्रिएटिविटी: अखिलेश यादव

- नीलम पाठक
मुंबई। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश ने कहा है कि जो कार्य इंसान, इंसानियत और दुनिया को बेहतर बनाए, वही सच्ची क्रिएटिविटी है। उन्होंने कहा कि आज समाज में ऐसी रचनात्मक सोच की जरूरत है जो सकारात्मकता बढ़ाए, समानता लाए और रचनात्मक तथा निर्माणात्मक सोच को प्रोत्साहित करे।
रविवार को विजन इंडिया कार्यक्रम के तहत मुंबई में आयोजित ‘क्रिएटिव इकोनॉमी’ विषयक सेमिनार को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि सस्टेनेबिलिटी और मानवता क्रिएटिविटी का सबसे महत्वपूर्ण पहलू है। उन्होंने कहा कि क्रिएटिविटी जन्म या जाति के आधार पर भेदभाव नहीं करती, बल्कि यह व्यक्ति की प्रतिभा को सामने लाती है। जब व्यक्ति अपनी प्रतिभा के माध्यम से समाज में योगदान देता है तो अर्थव्यवस्था स्वतः मजबूत होती है।

उन्होंने कहा कि मुंबई देश की आर्थिक राजधानी होने के साथ-साथ रचनात्मकता की भी राजधानी है। कई बार छोटे-छोटे बदलाव बड़े परिणाम लेकर आते हैं। उदाहरण देते हुए उन्होंने महाकुम्भ मेला का उल्लेख किया और कहा कि महाकुंभ के दौरान एक अस्थायी शहर बसता है और व्यवस्थाओं में छोटे-छोटे सुधार भी बड़े बदलाव ला सकते हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी सरकार के समय पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए ग्रीन बेल्ट अभियान चलाया गया और वृक्षारोपण के माध्यम से हरित क्षेत्र में वृद्धि हुई। उन्होंने बताया कि कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए कन्नौज में परफ्यूमरी पार्क की स्थापना की गई और छात्रों को फ्रांस के ग्रास शहर में प्रशिक्षण के लिए भेजा गया।
डिजिटल क्रांति का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि समाजवादी सरकार ने लगभग 20 लाख छात्रों को लैपटॉप वितरित किए, जिससे शिक्षा और तकनीक के क्षेत्र में बड़ा बदलाव आया और युवाओं को नई दिशा मिली।

उन्होंने बताया कि समाजवादी सरकार के दौरान कई महत्वपूर्ण विकास परियोजनाएं शुरू की गईं, जिनमें Agra–Lucknow Expressway का निर्माण प्रमुख है। इस एक्सप्रेस-वे की विशेषता यह है कि इसमें सोलर ऊर्जा का उपयोग किया गया है और इस पर लड़ाकू विमानों के उतरने के लिए हवाई पट्टी भी बनाई गई है। इसके अलावा कई शहरों में मेट्रो परियोजनाएं शुरू की गईं तथा Lucknow में गोमती रिवरफ्रंट का विकास कराया गया।
अखिलेश यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, लेकिन कई बार आधारभूत सुविधाओं और अवसरों की कमी के कारण प्रतिभाएं सामने नहीं आ पातीं। समाजवादी सरकार ने खेल, कला और हस्तशिल्प जैसे क्षेत्रों को बढ़ावा देने के लिए अनेक योजनाएं शुरू की थीं।
उन्होंने कहा कि यदि लोग रचनात्मक और सकारात्मक सोच के साथ कार्य करें तो इससे अर्थव्यवस्था को नई गति मिल सकती है। उन्होंने विशेष रूप से हस्तशिल्प क्षेत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में हस्तशिल्प की अपार संभावनाएं हैं और समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर इन क्षेत्रों को बड़े पैमाने पर प्रोत्साहन दिया जाएगा।



