
GBU में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिला सशक्तीकरण और युवाओं के रोजगार पर रखी बात
- आशा चौधरी
ग्रेटर नोएडा। गौतमबुद्ध विश्वविद्यालय (GBU) में आयोजित दो दिवसीय ‘उत्कर्ष: नारी सम्मान, युवा स्वाभिमान एवं प्रेरणा विमर्श-2026’ का रविवार को समापन हुआ। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने महिला सशक्तीकरण, युवाओं के रोजगार, स्टार्टअप, आत्मनिर्भरता और भारतीय सांस्कृतिक विरासत से जुड़े विषयों पर विचार रखे।
समापन समारोह गौतमबुद्ध विश्वविद्यालय के इंडोर स्टेडियम में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस अवसर पर ‘केशव संवाद’ और ‘प्रेरणा विचार’ पत्रिकाओं के 2026-27 के अंकों का विमोचन भी किया गया।
कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष अभिषेक शर्मा के सानिध्य में भाजपा नेत्री अन्नू सिंह भी उपस्थित रहीं। अन्नू सिंह ने कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का मार्गदर्शन प्राप्त किया। उन्होंने कार्यक्रम को महिला सशक्तीकरण और युवा स्वाभिमान से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर केंद्रित बताया।

महिला सशक्तीकरण पर मुख्यमंत्री ने गिनाईं उपलब्धियां
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारतीय परंपरा में महिलाओं को सम्मान और गरिमा का स्थान प्राप्त रहा है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में अवंतीबाई लोधी, झलकारी बाई और ऊदा देवी पासी के नाम पर तीन महिला पीएसी बटालियन गठित की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री के अनुसार, वर्ष 2017 में उत्तर प्रदेश पुलिस में करीब 10 हजार महिला कर्मी थीं, जबकि अब यह संख्या बढ़कर लगभग 44 हजार हो गई है। उन्होंने कहा कि अगले तीन से चार महीनों में महिला पुलिसकर्मियों की संख्या 50 हजार से अधिक हो जाएगी।
महिला आर्थिक सशक्तीकरण का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने स्वयं सहायता समूहों और महिला उद्यमिता से जुड़ी गतिविधियों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि झांसी के मिल्क प्रोड्यूसर समूह से 62 हजार महिलाएं जुड़ी हैं और इसका कारोबार 115 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। उन्होंने बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंट सखी जैसी पहलों का भी उल्लेख किया।

युवाओं के रोजगार और स्टार्टअप पर जोर
युवा रोजगार के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश में 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरियां दी गई हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश की करीब 96 लाख एमएसएमई इकाइयों में लगभग सवा तीन करोड़ लोग कार्यरत हैं।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, प्रदेश में करीब 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों में से 15 लाख करोड़ रुपये से अधिक की ग्राउंड ब्रेकिंग हो चुकी है। उन्होंने कहा कि इससे 65 लाख से अधिक रोजगार के अवसर मिलने की बात कही गई है।
योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में स्टार्टअप की संख्या भी 24 हजार से अधिक होने का दावा किया। उन्होंने कहा कि युवा और नारी शक्ति विकसित भारत के निर्माण की प्रमुख ताकत हैं। शिक्षा, कौशल विकास, रोजगार, स्टार्टअप और आत्मनिर्भरता के अवसर बढ़ाने के साथ प्रदेश को सांस्कृतिक विरासत से जोड़कर विकास की दिशा में आगे बढ़ाया जा रहा है।
भारतीय संस्कृति और विरासत से जुड़ने का आह्वान
कार्यक्रम में आरएसएस के अखिल भारतीय प्रचारक प्रमुख स्वांत रंजन ने युवाओं से भारतीय इतिहास, संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अपनी जड़ों और विरासत की समझ समाज को चुनौतियों का सामना करने की ताकत देती है।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
कार्यक्रम में गौतमबुद्ध विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राणा प्रताप सिंह, प्रेरणा विमर्श के कार्यकारी अध्यक्ष वीके गुप्ता, अध्यक्ष अनिल त्यागी, डॉ. मनमोहन सिंह सिसोदिया, प्रेरणा शोध संस्थान न्यास की अध्यक्ष प्रीति दादू और सचिव मोनिका चौहान समेत कई आयोजक, स्वयंसेवक, जनप्रतिनिधि तथा प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का मुख्य संदेश नारी सशक्तीकरण, युवा स्वाभिमान, रोजगार, आत्मनिर्भरता और सांस्कृतिक चेतना को विकास के साथ जोड़ने पर केंद्रित रहा।


