स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग की एचआरडी योजना में डॉ. श्वेता कटियार का चयन, एमडी थीसिस के शोध कार्य के लिए मिलेगी आर्थिक मदद
- हरिओम गुप्ता
कानपुर नगर। भारतीय दलहन अनुसंधान संस्थान के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. पी.के. कटियार की बेटी डॉ. श्वेता कटियार ने चिकित्सा शोध के क्षेत्र में उपलब्धि हासिल की है। कस्तूरबा मेडिकल कॉलेज, मणिपाल, कर्नाटक में पैथोलॉजी विषय से एमडी कर रहीं डॉ. श्वेता का भारत सरकार के स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग (DHR) की एचआरडी योजना के तहत राष्ट्रीय स्तर पर चयन हुआ है।
डॉ. श्वेता कटियार का चयन वर्ष 2026-27 के एमडी रिसर्च के लिए किया गया है। राष्ट्रीय स्तर की इस शोध योजना में पैथोलॉजी विभाग की पीजी छात्रा का चयन संस्थान के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
योजना के तहत डॉ. श्वेता को अपनी एमडी थीसिस के शोध कार्य के लिए एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता मिलेगी। इस सहायता से शोध के लिए आवश्यक संसाधन जुटाने और अध्ययन को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
डॉ. श्वेता कटियार अपने शोध कार्य को डॉ. सिंदूरा लक्ष्मी के मार्गदर्शन में कर रही हैं। शोध योजना में चयन होने पर उन्हें चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में अपने अध्ययन और शोध को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाने का अवसर मिलेगा।
डॉ. श्वेता के चयन से पैथोलॉजी विभाग की शोध गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। साथ ही, इस उपलब्धि से मेडिकल छात्रों में वैज्ञानिक शोध के प्रति रुचि बढ़ाने और उन्हें शोध के क्षेत्र में आगे आने के लिए प्रेरित करने में मदद मिलने की बात कही गई है।


