बोले- पीडीए का उत्पीड़न बढ़ने की स्वीकारोक्ति, भाजपा के पास उपलब्धियों के नाम पर बताने को कुछ नहीं
- अखिलेश कुमार अग्रहरि
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री के एक कथित बयान को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में पीडीए (पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक, आधी आबादी और आदिवासी) वर्ग के साथ उत्पीड़न और अन्याय बढ़ रहा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री ने अपने चिरपरिचित अंदाज में कथित तौर पर यह स्वीकार किया है कि उनके शासन में पीडीए का उत्पीड़न रुकने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि इससे स्पष्ट है कि पिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक, आधी आबादी और आदिवासी वर्ग के साथ भाजपा सरकार का कथित अत्याचार और अन्याय आगे भी जारी रहने वाला है।
सपा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि पीडीए को लेकर दिया गया कथित बयान भाजपा की राजनीति और उसकी सोच को दर्शाता है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यदि मुख्यमंत्री को हर समय ‘पीडीए’ ही दिखाई देता है तो उन्हें 108 मनकों पर ‘पीडीए’ लिखवाकर उसकी माला बनाकर उसका जाप करना चाहिए।
अखिलेश यादव ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में हार के बाद भाजपा नेतृत्व का संतुलन बिगड़ गया है और इसी वजह से इस तरह के बयान सामने आ रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि भाजपा के पास अपनी उपलब्धियों और कामकाज के बारे में जनता के सामने रखने के लिए क्या कोई ठोस मुद्दा नहीं है।
उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उपलब्धियों के स्तर पर पार्टी ‘दिवालिया’ हो चुकी है। अखिलेश यादव ने दावा किया कि जनता अब भाजपा नेताओं के कथित भ्रष्टाचार और धार्मिक मुद्दों से जुड़ी राजनीति की बातें सुनने के मूड में नहीं है।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि समाज के सभी वर्गों के अधिकारों और सम्मान की रक्षा जरूरी है। उन्होंने भाजपा सरकार की नीतियों को लेकर अपने विरोध को आगे भी जारी रखने की बात कही।


