सिठमरा विद्यालय के विद्यार्थियों ने अपनाई अनूठी पहल, पक्षियों को दाना-पानी देकर पर्यावरण और जीव सेवा का दे रहे संदेश
- आशीष तिवारी
कानपुर देहात। उच्च प्राथमिक विद्यालय सिठमरा के इको क्लब से जुड़े बच्चे प्रतिदिन अपने भोजन से पहले पक्षियों के लिए दाना डालकर जीव सेवा और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहे हैं। विद्यार्थियों की इस पहल से विद्यालय में प्रकृति और पक्षियों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक शनेन्द्र सिंह तोमर ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि सुबह-सुबह पक्षियों की चहचहाहट सुनना और उन्हें दाना खाते देखना मन को शांति देने वाला अनुभव है। उन्होंने कहा कि पक्षियों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था करना सेवा कार्य के साथ-साथ प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी निभाने का भी माध्यम है।
सहायक अध्यापक नवीन कुमार दीक्षित ने कहा कि नियमित रूप से पक्षियों को दाना खिलाने से बच्चों में जीव-जंतुओं के प्रति संवेदनशीलता विकसित होती है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रकृति और पर्यावरण के संरक्षण के लिए लगातार प्रयास करने के लिए प्रेरित किया।

शिक्षक माया देवी ने कहा कि घर की छत या बालकनी में पक्षियों के लिए दाना और पानी रखने से लोगों को प्रकृति के करीब आने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि भागदौड़ भरी जिंदगी में प्रकृति से जुड़ाव मानसिक रूप से भी सुकून देने वाला होता है।
विद्यालय की अनुदेशक प्रियंका यादव ने भी बच्चों की इस पहल की सराहना की और उन्हें पक्षियों एवं अन्य जीवों के प्रति संवेदनशील बने रहने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर इको क्लब के सदस्य विद्यार्थियों में शिवानी, आयुषी, प्रिंट, हिमांशु, अंशिका, अरविंद, राहुल, आशिक, काजल, आदर्श, सुनाक्षी, रागिनी और सुरागिनी सहित अन्य विद्यार्थी मौजूद रहे।
विद्यालय के इको क्लब की यह पहल बच्चों में जीव-जंतुओं के प्रति प्रेम, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करने की दिशा में एक सकारात्मक प्रयास के रूप में सामने आई है।


