महिला शिक्षकों की सुविधा एवं समायोजन प्रक्रिया में पारदर्शिता की उठाई मांग
- सौम्या पाण्डेय
कानपुर नगर। प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सुलोचना मौर्या के निर्देशन में बुधवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, कानपुर नगर को वट सावित्री व्रत के अवसर पर महिला अवकाश घोषित किए जाने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन में मांग की गई कि 16 मई 2026 को मनाए जाने वाले सनातन धर्म के पावन पर्व “वट सावित्री व्रत” के अवसर पर महिला शिक्षकों एवं महिला कार्मिकों को विशेष अवकाश प्रदान किया जाए, ताकि वे श्रद्धा एवं परंपरा के अनुसार पूजा-अर्चना और व्रत संपन्न कर सकें।
इसके साथ ही वर्तमान में चल रही समायोजन प्रक्रिया के संबंध में भी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराया गया। ज्ञापन में कहा गया कि कुछ विद्यालयों से वरिष्ठ शिक्षकों के समायोजन के कारण मार्च 2027 में शिक्षकों की सेवानिवृत्ति के बाद पुनः एकल शिक्षक व्यवस्था बनने की संभावना है, जिससे शिक्षण व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
शिक्षक प्रतिनिधियों ने मांग की कि इन विशेष परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए समायोजन प्रक्रिया पर पुनर्विचार किया जाए तथा व्यवहारिक एवं संतुलित निर्णय लिया जाए। साथ ही यह भी आग्रह किया गया कि समायोजन प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शिक्षकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए संपन्न कराई जाए, ताकि किसी भी शिक्षक या शिक्षिका को अनावश्यक कठिनाई का सामना न करना पड़े।
इस पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त करते हुए कहा कि समायोजन प्रक्रिया में सभी पक्षों को ध्यान में रखकर उचित निर्णय लिया जाएगा।
इस अवसर पर जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष मंजुलता पांडेय, जिला संगठन मंत्री नीरजा त्रिवेदी, समीक्षा तिवारी, रेणुका मिश्रा सहित अन्य शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं।


