सरसैया घाट स्थित नवीन सभागार में सांसद, विधायक एवं जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में विकास परियोजनाओं, कानून-व्यवस्था और श्री जगन्नाथ रथयात्रा की तैयारियों पर हुई विस्तृत समीक्षा
- ज्योति सिंह
कानपुर नगर। सरसैया घाट स्थित नवीन सभागार में सोमवार को जनपद के विकास कार्यों, कानून-व्यवस्था, जनकल्याणकारी योजनाओं तथा विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने सहभागिता करते हुए विकास परियोजनाओं की प्रगति का आकलन किया तथा लंबित कार्यों को गुणवत्ता एवं निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान, गरीब कल्याण योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, नागरिक सुविधाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा विभिन्न विकास परियोजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी कार्य पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूर्ण किए जाएं, ताकि जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

समीक्षा बैठक में जलकल विभाग, कानपुर मेट्रो, लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी), केस्को, नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग तथा शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ विभागवार समीक्षा की गई। इस दौरान लंबित परियोजनाओं की प्रगति, जनहित से जुड़े मुद्दों और आवश्यक सुधारात्मक उपायों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में आगामी श्री जगन्नाथ रथयात्रा के सफल, सुरक्षित एवं भव्य आयोजन को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यातायात प्रबंधन, स्वच्छता, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाओं तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के प्रभावी समन्वय के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए।
बैठक में सांसद रमेश अवस्थी, विधायक महेश त्रिवेदी, विधायक सुरेंद्र मैथानी, भाजपा उत्तर जिलाध्यक्ष अनिल दीक्षित, भाजपा दक्षिण जिलाध्यक्ष शिवराम सिंह, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी सुरेश अवस्थी, विभिन्न मंडल अध्यक्ष, जनप्रतिनिधि तथा जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि “विकसित कानपुर” के संकल्प को साकार करने के लिए जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय, नियमित समीक्षा और जनहित के कार्यों की सतत निगरानी अत्यंत आवश्यक है। जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी विकास कार्यों को निर्धारित समय में पूरा करने पर विशेष बल दिया गया।


