
नई दिल्ली में आयोजित सम्मेलन में वैज्ञानिकों, नीति-निर्माताओं और कृषि विशेषज्ञों ने साझा किए नवाचार; प्रगतिशील किसान हुए सम्मानित
- नेहा पाठक
नई दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री तथा रसायन एवं उर्वरक राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने सोमवार को नई दिल्ली में फर्टिलाइजर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (FAI) और इंटरनेशनल जिंक एसोसिएशन (IZA) द्वारा आयोजित ‘ग्लोबल माइक्रोन्यूट्रिएंट समिट 3.0’ के उद्घाटन सत्र को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मृदा स्वास्थ्य, संतुलित पोषक तत्व प्रबंधन और पोषण सुरक्षा को मजबूत बनाने में सूक्ष्म पोषक तत्वों (Micronutrients) की महत्वपूर्ण भूमिका है।
अपने संबोधन में अनुप्रिया पटेल ने कहा कि सम्मेलन का उद्देश्य मृदा स्वास्थ्य, फसल उत्पादकता, संतुलित उर्वरक उपयोग और खाद्य एवं पोषण सुरक्षा को सुदृढ़ करने के लिए नवीन वैज्ञानिक समाधान, अनुसंधान तथा वैश्विक सहयोग को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि टिकाऊ कृषि और बेहतर पोषण के लिए वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाना समय की आवश्यकता है।

उन्होंने फर्टिलाइजर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (FAI) और इंटरनेशनल जिंक एसोसिएशन (IZA) की सराहना करते हुए कहा कि दोनों संस्थाओं ने नीति-निर्माताओं, वैज्ञानिकों, कृषि विशेषज्ञों और उद्योग जगत को एक साझा वैश्विक मंच प्रदान किया है, जहां कृषि क्षेत्र में सूक्ष्म पोषक तत्वों की भूमिका और नई तकनीकों पर सार्थक चर्चा हो रही है।
इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने विभिन्न राज्यों से आए प्रगतिशील किसानों को सम्मानित भी किया। उन्होंने कहा कि किसानों के नवाचार और आधुनिक कृषि पद्धतियों को प्रोत्साहित किए बिना खाद्य सुरक्षा और कृषि विकास के लक्ष्य हासिल नहीं किए जा सकते।
अनुप्रिया पटेल ने विश्वास व्यक्त किया कि ‘ग्लोबल माइक्रोन्यूट्रिएंट समिट 3.0’ कृषि क्षेत्र में वैज्ञानिक नवाचार, पोषण सुरक्षा और टिकाऊ खेती को नई दिशा देगा तथा ‘विकसित भारत-2047’ के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण योगदान देगा।


