
परिचालन सेवा के 9 वर्ष पूरे होने पर हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर फोटो प्रदर्शनी और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित; उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कानपुर मेट्रो के कर्मचारियों को मिला सम्मान।
- हरिओम गुप्ता
कानपुर नगर। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (यूपीएमआरसी) ने राज्य में मेट्रो परिचालन सेवा शुरू होने के 9 वर्ष पूरे होने पर ‘मेट्रो दिवस’ मनाया। यूपीएमआरसी ने 5 सितंबर 2017 को लखनऊ में अपनी पहली मेट्रो सेवा शुरू की थी। इस अवसर पर हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर मेट्रो की यात्रा और उपलब्धियों पर आधारित विशेष फोटो प्रदर्शनी के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए।
समारोह में यूपीएमआरसी की कानपुर, लखनऊ और आगरा मेट्रो सेवाओं के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को स्वर्ण, रजत और कांस्य पदकों से सम्मानित किया गया।
कानपुर मेट्रो के चार कर्मचारी सम्मानित
‘बेस्ट प्रोजेक्ट स्टाफ’ श्रेणी में कानपुर मेट्रो के सेक्शन इंजीनियर ग्रेड-I/सिगनलिंग एंड टेलीकॉम आनंद कुमार झा को एमडी सिल्वर मेडल प्रदान किया गया। वहीं ‘बेस्ट ऑपरेशन एंड रोलिंग स्टॉक स्टाफ’ श्रेणी में सेक्शन इंजीनियर ग्रेड-II/रोलिंग स्टॉक कामिनी सिंह को एमडी सिल्वर मेडल से सम्मानित किया गया।
‘बेस्ट मेंटेनेंस स्टाफ’ श्रेणी में सेक्शन इंजीनियर ग्रेड-I/सिगनलिंग एंड टेलीकॉम रेनू चौरसिया तथा ‘बेस्ट सपोर्टिंग स्टाफ’ श्रेणी में प्रबंधक/जनसंपर्क विभाग निहाल पाठक को एमडी ब्रॉन्ज मेडल प्रदान किया गया।
‘पुष्पक से मेट्रो तक’ ने मोहा मन
मेट्रो दिवस समारोह में कर्मचारियों और स्कूली विद्यार्थियों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। विद्यार्थियों ने ‘पुष्पक से मेट्रो तक’ विषय पर नाटक प्रस्तुत कर प्राचीन काल से आधुनिक मेट्रो तक परिवहन के विकास की यात्रा को दर्शाया।
कार्यक्रम स्थल पर मेट्रो की यात्रा, खूबसूरती और यात्रियों के अनुभवों पर आधारित फोटो प्रदर्शनी भी लगाई गई। प्रदर्शनी को दर्शकों की सराहना मिली।
यूपीएमआरसी के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार ने कहा कि मेट्रो परिचालन के नौ वर्षों का सफर कर्मचारियों की मेहनत, समर्पण और टीमवर्क का परिणाम है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश मेट्रो ने सुरक्षित, तेज, सुविधाजनक और पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन के रूप में अपनी मजबूत पहचान बनाई है।
उन्होंने बताया कि यूपीएमआरसी ने प्रति यात्री किराया राजस्व में 30 प्रतिशत अधिक, प्रति किलोमीटर आय में 29 प्रतिशत अधिक और गैर-किराया राजस्व प्रति किलोमीटर में 95 प्रतिशत अधिक प्रदर्शन दर्ज किया है। इसके अलावा सिगनलिंग विश्वसनीयता में 75 प्रतिशत अधिक प्रदर्शन और ऊर्जा दक्षता में सुधार यूपीएमआरसी की कार्यक्षमता एवं उत्कृष्टता को दर्शाता है।


