
सपा अध्यक्ष ने दोनों खिलाड़ियों को किया सम्मानित, कहा—मेहनत और लगन से देश, समाज और परिवार का नाम रोशन किया
- अखिलेश कुमार अग्रहरि
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से अंडर-20 वर्ल्ड एथलेटिक्स में रजत पदक जीतने वाले मिर्जापुर के आशीष यादव और कॉमनवेल्थ गेम्स में महिला जूडो की स्वर्ण पदक विजेता अस्मिता डे ने मुलाकात की। इस दौरान अखिलेश यादव ने दोनों खिलाड़ियों को उनकी उपलब्धि पर बधाई देते हुए सम्मानित किया।
अखिलेश यादव ने खिलाड़ियों की सफलता की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने अपनी मेहनत और लगन से देश, समाज और अपने परिवार का नाम रोशन किया है। उन्होंने दोनों खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की और कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा खेल और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के पक्ष में रही है।
खिलाड़ियों को सम्मान देने की नीति पर जोर
अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकारों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। प्रदेश के कई खिलाड़ियों को यश भारती सम्मान से भी सम्मानित किया गया था। उन्होंने कहा कि खेल प्रतिभाओं को उचित सम्मान, आर्थिक प्रोत्साहन और बेहतर अवसर उपलब्ध कराकर नई पीढ़ी को खेलों के प्रति प्रेरित किया जा सकता है।
उन्होंने अपने मुख्यमंत्री कार्यकाल का उल्लेख करते हुए कहा कि उस दौरान ओलंपिक, कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन गेम्स में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया था। साथ ही प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए खेल नीति के माध्यम से विभिन्न प्रोत्साहन भी दिए गए।
अस्मिता डे ने जूडो में रचा इतिहास
अस्मिता डे ने महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर भारतीय जूडो में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। वहीं मिर्जापुर के आशीष यादव ने अंडर-20 वर्ल्ड एथलेटिक्स में रजत पदक हासिल कर देश और प्रदेश का गौरव बढ़ाया।
अखिलेश यादव ने कहा कि खिलाड़ियों की उपलब्धियों को केवल पदक तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए। उन्हें सम्मान के साथ-साथ आर्थिक प्रोत्साहन और बेहतर प्रशिक्षण एवं अवसर उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर वर्ष 2027 में खिलाड़ियों को फिर सम्मानित किया जाएगा और खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहन दिया जाएगा।
समाजवादी पार्टी की ओर से कहा गया कि भारतीय खिलाड़ियों की अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियां देश के युवाओं को खेलों के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती हैं और खिलाड़ियों के सम्मान एवं प्रोत्साहन की परंपरा को और मजबूत किए जाने की आवश्यकता है।


