अलीगंज अग्निकांड की निष्पक्ष जांच, पीड़ित परिवारों को अधिक मुआवजा और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
- अखिलेश कुमार अग्रहरि
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में हुए भीषण अग्निकांड को अत्यंत दुखद और गंभीर घटना बताते हुए प्रदेश सरकार पर भ्रष्टाचार और लापरवाही का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह कोई सामान्य दुर्घटना नहीं है, बल्कि इसके पीछे प्रशासनिक विफलता और भ्रष्टाचार जिम्मेदार है।
मंगलवार को लखनऊ में मीडिया से बातचीत करते हुए श्री अखिलेश यादव ने कहा कि जिस भवन में यह हादसा हुआ, उसके नक्शे की स्वीकृति, अग्निशमन विभाग की एनओसी तथा संबंधित विभागों की भूमिका की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि ईमानदारी से जांच की जाए तो इस मामले में कई जिम्मेदार लोग सामने आएंगे।
उन्होंने कहा कि लखनऊ अग्निकांड में बड़ी संख्या में होनहार छात्रों की जान चली गई, जो अत्यंत पीड़ादायक है। कई विद्यार्थियों ने आग लगने के दौरान अपने परिजनों और फायर ब्रिगेड को फोन किया, लेकिन समय पर सहायता नहीं पहुंच सकी। उन्होंने कहा कि किसी भी परिवार के लिए अपने बच्चों को खोना सबसे बड़ा दुख होता है।
श्री यादव ने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार चरम पर है और इसी भ्रष्टाचार के कारण सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कहा कि पहले भी लखनऊ में कई अग्निकांड की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, लेकिन सरकार ने उनसे कोई सबक नहीं लिया। उन्होंने लिवाना होटल अग्निकांड, चारबाग क्षेत्र की घटनाओं तथा झुग्गी बस्तियों में लगी आग की घटनाओं का भी उल्लेख किया।
उन्होंने कहा कि जिस क्षेत्र में हादसा हुआ, वहां रिहायशी इलाके में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही थीं। ऐसे में संबंधित विभागों की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर इतने वर्षों तक सरकार और प्रशासन क्या कर रहे थे।
अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार द्वारा घोषित पांच लाख रुपये का मुआवजा पर्याप्त नहीं है। उन्होंने मांग की कि मृतकों के परिवारों को बड़े पैमाने पर आर्थिक सहायता दी जाए तथा घायलों के समुचित उपचार की व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी भविष्य में भी पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी रहेगी।
उन्होंने प्रदेश की आपातकालीन सेवाओं को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि समाजवादी सरकार के समय शुरू की गई डायल-100 व्यवस्था का उद्देश्य पुलिस, फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस सेवाओं को त्वरित सहायता से जोड़ना था, लेकिन वर्तमान सरकार ने उस व्यवस्था को कमजोर कर दिया है।
इस दौरान उन्होंने अयोध्या में श्रीराम मंदिर के चढ़ावे से जुड़े कथित मामलों पर भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार एसआईटी के गठन के माध्यम से जिम्मेदार लोगों को बचाने का प्रयास कर रही है।
इस अवसर पर समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के राष्ट्रीय महासचिव यामीन खान, प्रदेश अध्यक्ष शकील नदवी, अदनान खान, फखरूल हसन चांद, नवीन धवन बंटी सहित समाजवादी पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।


