अखिलेश यादव ने पुष्पांजलि अर्पित कर दी श्रद्धांजलि, गंगा-जमुनी तहजीब और सेकुलर मूल्यों को बताया उनकी पहचान
- अखिलेश कुमार अग्रहरि
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में पूर्व राज्यपाल अजीज कुरैशी की जयंती सादगीपूर्ण तरीके से मनाई गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव उपस्थित रहे। उन्होंने श्री कुरैशी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
इस अवसर पर अखिलेश यादव ने कहा कि अजीज कुरैशी ने अपने पूरे जीवन में हिन्दुस्तानियत को मजबूत करने का कार्य किया। उन्होंने गंगा-जमुनी तहजीब और मिलीजुली संस्कृति को बढ़ावा दिया तथा कभी पद और कुर्सी की परवाह किए बिना अपने सिद्धांतों पर अडिग रहे। उन्होंने कहा कि कुरैशी साहब ने हमेशा सेकुलर ताने-बाने को मजबूत करने का काम किया।
उन्होंने रामपुर स्थित मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय का जिक्र करते हुए कहा कि मुलायम सिंह यादव, आजम खां समेत कई लोग इसके संचालन को लेकर चिंतित थे। जब अजीज कुरैशी राज्यपाल बनकर लखनऊ आए, तब उन्होंने महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए विश्वविद्यालय एक्ट को मंजूरी दी, जो एक ऐतिहासिक कदम था।
कार्यक्रम में श्री सुफियान कुरैशी, पूर्व राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेन्द्र चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल, पूर्व मंत्री एवं विधायक ओम प्रकाश सिंह, दुर्गा प्रसाद यादव सहित कई वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम के दौरान सभी ने अजीज कुरैशी के योगदान को याद करते हुए उनके विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।


