सिंगल यूज प्लास्टिक के दुष्प्रभावों पर विशेषज्ञों ने किया जागरूक, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
- हरिओम गुप्ता
कानपुर नगर। उत्तर प्रदेश की राज्यपाल के निर्देश एवं कुलपति डॉ. संजीव गुप्ता के मार्गदर्शन में चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय के संसाधन प्रबंधन एवं उपभोक्ता विज्ञान विभाग द्वारा अपशिष्ट प्रबंधन विषय पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का नेतृत्व विभाग की प्रभारी डॉ. रश्मि सिंह ने किया। इस अवसर पर टीचिंग एसोसिएट सुश्री एलेना ताखेल्लाम्बम एवं डॉ. स्वप्निल सिंह ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए दैनिक जीवन में सतत् अपशिष्ट प्रबंधन को अपनाने की आवश्यकता पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सिंगल यूज प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करना तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए जिम्मेदार अपशिष्ट प्रबंधन को बढ़ावा देना रहा। विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को प्लास्टिक प्रदूषण को कम करने के उपायों, पुनः उपयोग योग्य एवं पर्यावरण-अनुकूल विकल्पों के इस्तेमाल, कचरे के पृथक्करण, पुनर्चक्रण (रीसाइक्लिंग) तथा वैज्ञानिक तरीके से अपशिष्ट निस्तारण की जानकारी दी।
इस दौरान “लैंडफिल के लिए पार्कों का विकास – एक पर्यावरण-अनुकूल दृष्टिकोण” विषय पर भी चर्चा की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि फाइटोकैपिंग तकनीक के माध्यम से लैंडफिल स्थलों को हरित क्षेत्र एवं पार्कों में विकसित किया जा सकता है। यह तकनीक पारंपरिक क्ले कैपिंग की तुलना में अधिक टिकाऊ, पर्यावरण-अनुकूल एवं किफायती मानी जाती है।
कार्यक्रम में करीब 30 शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। सभी प्रतिभागियों ने सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग को कम करने तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए सतत् एवं जिम्मेदार अपशिष्ट प्रबंधन अपनाने का संकल्प लिया।


